
अगर जीएम टाटानगर नहीं आए तो कोलकाता जाकर करेंगे प्रदर्शन
जमशेदपुर : जमशेदपुर में ट्रेनों की लगातार लेटलतीफी और यात्री सुविधाओं की बदहाल स्थिति को लेकर रेल यात्री संघर्ष समिति अब आंदोलन को और तेज करने की तैयारी में है। समिति के संरक्षक और जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने रविवार को घाटशिला में बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि यदि 27 मई को चक्रधरपुर-खड़गपुर जोन के महाप्रबंधक (जीएम) टाटानगर आते हैं, तो उनका जोरदार विरोध किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि यदि विरोध की आशंका से जीएम टाटानगर नहीं आते हैं, तो रेल यात्री संघर्ष समिति के सदस्य कोलकाता जाकर उनके कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन करेंगे।

घाटशिला में हस्ताक्षर अभियान को मिला व्यापक समर्थन
घाटशिला रेलवे स्टेशन के सामने आयोजित रेल यात्री संघर्ष समिति के हस्ताक्षर अभियान में सैकड़ों लोगों ने भाग लिया और रेलवे की कार्यशैली के खिलाफ अपना समर्थन दर्ज कराया। इस कार्यक्रम में सरयू राय मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
उन्होंने कहा कि चक्रधरपुर मंडल के डीआरएम हाल ही में उनके आवास पर आए थे और स्थिति सुधारने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक कोई ठोस सुधार अगर जीएम टाटानगर नहीं आए तो कोलकाता जाकर करेंगे प्रदर्शन करेंगे। जमशेदपुर में ट्रेनों की लगातार लेटलतीफी और यात्री सुविधाओं की बदहाल स्थिति को लेकर रेल यात्री संघर्ष समिति अब आंदोलन को और तेज करने की तैयारी में है। समिति के संरक्षक और जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने रविवार को घाटशिला में बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि यदि 27 मई को चक्रधरपुर-खड़गपुर जोन के महाप्रबंधक (जीएम) टाटानगर आते हैं, तो उनका जोरदार विरोध किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि यदि विरोध की आशंका से जीएम टाटानगर नहीं आते हैं, तो रेल यात्री संघर्ष समिति के सदस्य कोलकाता जाकर उनके कार्यालय के बाहर धरना-प्रदर्शन करेंगे।
घाटशिला में हस्ताक्षर अभियान को मिला व्यापक समर्थन
Ghatshila रेलवे स्टेशन के सामने आयोजित रेल यात्री संघर्ष समिति के हस्ताक्षर अभियान में सैकड़ों लोगों ने भाग लिया और रेलवे की कार्यशैली के खिलाफ अपना समर्थन दर्ज कराया। इस कार्यक्रम में सरयू राय मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
उन्होंने कहा कि चक्रधरपुर मंडल के डीआरएम हाल ही में उनके आवास पर आए थे और स्थिति सुधारने का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक कोई ठोस सुधार नहीं हुआ।
“यात्री ट्रेनों को रोककर मालगाड़ियों को दिया जा रहा रास्ता”
सरयू राय ने आरोप लगाया कि रेलवे प्रशासन यात्री ट्रेनों को रोककर मालगाड़ियों को प्राथमिकता दे रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर यह फैसला किसके निर्देश पर लिया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि इस मामले की सच्चाई जानने के लिए सूचना का अधिकार (RTI) के तहत जवाब मांगा जाएगा।

“चांडिल से टाटानगर आने में लग जाते हैं चार घंटे”
विधायक ने कहा कि यात्री ट्रेनों की स्थिति बेहद खराब हो चुकी है। ट्रेनें चांडिल तक समय पर पहुंचती हैं, लेकिन वहां से टाटानगर आने में कई घंटे लग जाते हैं।
उन्होंने विशेष रूप से Ispat Express का जिक्र करते हुए कहा कि पिछले तीन वर्षों में शायद ही कोई दिन ऐसा रहा हो जब यह ट्रेन पांच घंटे से कम विलंब से पहुंची हो। इससे घाटशिला और आसपास के क्षेत्रों के यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
“मेमू ट्रेनों की देरी से नौकरी पर संकट”
सरयू राय ने कहा कि मेमू ट्रेनें भी दो से तीन घंटे की देरी से चल रही हैं। रोजाना नौकरी या काम के लिए यात्रा करने वाले लोग समय पर कार्यालय नहीं पहुंच पा रहे हैं, जिससे उनकी नौकरी पर खतरा मंडरा रहा है।
उन्होंने कहा कि रेलवे को यात्रियों की परेशानियों से कोई फर्क नहीं पड़ता। यदि किसी व्यक्ति की नौकरी ट्रेन लेट होने की वजह से चली जाए तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा?
रेलवे अधिकारियों पर साधा निशाना
सरयू राय ने रेलवे अधिकारियों की कार्यशैली पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि रेलवे केवल मालगाड़ियों से खनिज ढुलाई बढ़ाने पर ध्यान दे रहा है, जबकि यात्री सुविधाओं की अनदेखी की जा रही है।
उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से टाटानगर में जिन बुनियादी ढांचागत कार्यों की जरूरत थी, उन्हें पूरा नहीं किया गया। इसके बावजूद रेलवे ने मालगाड़ियों की संख्या बढ़ा दी, जिसका असर यात्री ट्रेनों के संचालन पर पड़ रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि अब तो वंदे भरा जैसी ट्रेनें भी देरी से चल रही हैं।

“जब तक ट्रेनें समय पर नहीं चलेंगी, आंदोलन जारी रहेगा : शिवशंकर सिंह
रेल यात्री संघर्ष समिति के संयोजक शिवशंकर सिंह ने कहा कि रेलवे को अब अपनी व्यवस्था सुधारनी ही होगी। उन्होंने कहा कि टाटानगर से शुरू हुआ आंदोलन अब घाटशिला तक पहुंच चुका है और जब तक ट्रेनें समय पर नहीं चलेंगी, आंदोलन जारी रहेगा।
उन्होंने घाटशिला में हस्ताक्षर अभियान को सफल बनाने के लिए नीरज सिंह और अमित शर्मा सहित सभी सहयोगियों की सराहना की।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता, स्थानीय नागरिक और समिति के सदस्य मौजूद रहे। उन्होंने घाटशिला में इस तरह के आयोजन के लिए नीरज सिंह और अमित शर्मा की पीठ थपथपाई।


कार्यक्रम में शिवरतन अग्रवाल, गोपाल कृष्ण अग्रवाल, दीपक प्रसाद, सुशील वेशल, वीर सिंह देवलाभ, स्मारिक शुक्ला, पप्पू सिंह, प्रिंस प्रसाद, प्रतीक उपाध्याय, सागर दीप मल्ला, गुल्लू पातर, पिंकी सिंह, गुड्डी परवीन, आरती कुमारी, अमित पात्री, वोखल सरदार, कन्हैया सिंह, सुबोध श्रीवास्तव, पप्पू सिंह, कुलविंदर सिंह पन्नू, सतीश सिंह, राजीव चौधरी, अजय कुमार, मुकेश सिंह, शैलेश कारू, एस. चंद्रशेखर, संजीव सिंह, अशोक सिंह, विनीत कुमार, विक्की बादशाह, प्रकाश कोया, दुर्गा राव, राजू सिंह, बीरू सिंह, रामदेव हेम्ब्रम आदि मौजूद रहे।





