झारखंड सरकार में शिक्षा मंत्री और झामुमो के वरिष्ठ नेता रामदास सोरेन का शुक्रवार, 15 अगस्त 2025 को निधन हो गया। वे 62 वर्ष के थे और नई दिल्ली स्थित अपोलो अस्पताल में इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली।
बाथरूम में फिसलने से हुआ था गंभीर मस्तिष्क चोट
2 अगस्त 2025 को रामदास सोरेन जमशेदपुर स्थित अपने आवास में बाथरूम में फिसलकर गिर गए, जिससे उनके सिर में गंभीर चोट आई। उन्हें तत्काल टाटा मोटर्स अस्पताल, जमशेदपुर में भर्ती कराया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी स्थिति गंभीर देखते हुए एयर एम्बुलेंस द्वारा अपोलो अस्पताल, दिल्ली रेफर किया गया।
लगातार वेंटिलेटर पर थे, हालत थी नाजुक
दिल्ली में इलाज के दौरान उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया। सूत्रों के अनुसार, ब्रेन फंक्शन पूरी तरह बंद हो चुका था, और उन्हें चिकित्सकीय भाषा में ‘ब्रेन डेड’ माना जा रहा था। डॉक्टरों ने कई बार एपनिया टेस्ट भी किया, लेकिन स्थिति में कोई सुधार नहीं हुआ।
राजनीतिक जीवन और योगदान
रामदास सोरेन झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) के कद्दावर नेता थे। वे 1995 से राजनीति में सक्रिय रहे और कई बार घाटशिला विधानसभा क्षेत्र से विधायक चुने गए। शिक्षा मंत्री के रूप में उन्होंने राज्य में विद्यालयों के आधुनिकीकरण, छात्रवृत्ति योजनाओं, और बालिका शिक्षा को प्रोत्साहित करने के लिए कई प्रभावशाली योजनाएं शुरू कीं।
मुख्य तथ्य एक नजर में
नाम रामदास सोरेन
पद शिक्षा मंत्री, झारखंड सरकार
पार्टी झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM)
निधन 15 अगस्त 2025
उम्र 62 वर्ष
स्थान अपोलो अस्पताल, नई दिल्ली
दुर्घटना बाथरूम में फिसलने से सिर में चोट
इलाज वेंटिलेटर पर, ब्रेन डेड घोषित
विद्यायक सरयू राय और विधायक संजीव सरदार ने जताया शोक
जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय और पोटका विधायक संजीव सरदार ने रामदास सोरेन के निधन पर शोक प्रकट किया है। शोक प्रकट करते हुए कहा है कि राज्य ने एक जमीनी नेता खो दिया।



