जमशेदपुर: जमशेदपुर के साकची स्थित परमहंस लक्ष्मीनाथ गोस्वामी मंदिर के सभागार में शनिवार को मिथिलांचल वार्षिक कैलेंडर सह पंचांग 2026 का भव्य विमोचन किया गया। समारोह का उद्घाटन पश्चिम विधानसभा के विधायक सरयू राय ने अपने कर-कमलों से किया।
इस मौके पर शहर के विभिन्न सामाजिक, धार्मिक और सांस्कृतिक संगठनों के प्रतिनिधि, मैथिली समाज के वरिष्ठ सदस्य और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। पूरे कार्यक्रम का माहौल सांस्कृतिक उत्साह और पारंपरिक आस्था से ओतप्रोत रहा।
पूजा-अर्चना और दीप प्रज्वलन से हुआ कार्यक्रम का शुभारंभ
समारोह की शुरुआत विधिवत पूजा-अर्चना और दीप प्रज्वलन के साथ हुई। इसके बाद परमहंस लक्ष्मीनाथ गोस्वामी समिति के सदस्यों ने पंचांग के महत्व, उसकी परंपरा और समाज में उसकी भूमिका पर विस्तार से प्रकाश डाला।
कार्यक्रम की अध्यक्षता समिति के वरिष्ठ सदस्यों ने संयुक्त रूप से की। मंच से वक्ताओं ने कहा कि मिथिला का पंचांग केवल समय गणना का साधन नहीं, बल्कि संस्कृति, ज्योतिष और धार्मिक जीवन का मार्गदर्शक ग्रंथ है।
विधायक सरयू राय ने दी बधाई, कहा— “पंचांग हमारी सांस्कृतिक धरोहर”
विधायक सरयू राय ने अपने संबोधन में कहा,
“मिथिला संस्कृति हमारी भारतीय परंपरा का अभिन्न अंग है। पंचांग केवल तारीखों का लेखा-जोखा नहीं, बल्कि यह हमारे धार्मिक, सामाजिक और सांस्कृतिक जीवन का मार्गदर्शन करता है।”
उन्होंने परमहंस लक्ष्मीनाथ गोस्वामी समिति के सदस्यों की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन समाज में सांस्कृतिक एकता और परंपरा के संरक्षण का सशक्त माध्यम हैं।



