सरयू राय के निरीक्षण के बाद पथ निर्माण विभाग करेगा तकनीकी आंकड़ों का विश्लेषण
जमशेदपुर : मानगो फ्लाइओवर के नीचे जलनिकासी के लिए बनाए जा रहे नए नाले को लेकर उठी शिकायतों के बाद अब इसकी चौड़ाई और गहराई बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय के स्थल निरीक्षण के दौरान पथ निर्माण विभाग (PWD) के कार्यपालक अभियंता ने माना कि मौजूदा डिजाइन जलनिकासी के लिए पर्याप्त नहीं है। विभाग ने भरोसा दिलाया है कि दो-तीन दिनों में सभी तकनीकी आंकड़ों का विश्लेषण कर नाले के आयाम बढ़ाए जाएंगे।

स्थानीय शिकायतों के बाद विधायक ने किया निरीक्षण
मंगलवार को स्थानीय लोगों ने विधायक सरयू राय को बताया कि मानगो फ्लाइओवर के नीचे बन रहा नाला कम गहराई और कम चौड़ाई का है, जिससे बरसात के समय पानी निकलने में गंभीर परेशानी होगी। शिकायत मिलते ही श्री राय मौके पर पहुंचे और पथ निर्माण विभाग के अभियंताओं के साथ स्थिति का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि नाले की गहराई और चौड़ाई नहीं बढ़ाई गई तो जलभराव की समस्या और विकराल हो जाएगी। इस पर विभाग के कार्यपालक अभियंता ने उनकी बात से सहमति जताई।
देशबंधु लाइन और आसपास के इलाकों में हर साल जलभराव
सरयू राय ने अभियंताओं को बताया कि न्यू पुरुलिया रोड, कालिका नगर सहित आसपास के क्षेत्रों का पानी पहले से बने नालों के माध्यम से निकलता है। देशबंधु लाइन मोहल्ला इन क्षेत्रों के बीच स्थित है, जहां हर साल बरसात में घुटनों तक पानी भर जाता है और घरों में पानी घुस जाता है।
उन्होंने कहा कि पहले से मौजूद जलनिकासी व्यवस्था को फ्लाइओवर के नीचे से ले जाकर नए नाले में जोड़ा जाना है, ताकि बारिश का पानी आसानी से नदी तक पहुंच सके। लेकिन यदि नया नाला संकरा और उथला रहा, तो यह उद्देश्य पूरा नहीं होगा।
तकनीकी अध्ययन के निर्देश: वाटर लेवल, कैचमेंट और वर्षा डेटा
विधायक सरयू राय ने अभियंताओं को निर्देश दिया कि—
देशबंधु लाइन का वाटर लेवल मापा जाए
पूरे कैचमेंट एरिया (जहां-जहां से पानी आता है) का क्षेत्रफल लिया जाए
बीते वर्षों की अधिकतम वर्षा (Maximum Rainfall) के आंकड़े जुटाए जाएं
नाले के दोनों ओर के क्षेत्रों का वाटर लेवल भी दर्ज किया जाए
इन सभी आंकड़ों के आधार पर यह तय किया जाए कि नया नाला कितनी गहराई और चौड़ाई का होना चाहिए, ताकि पूरा पानी बिना रुकावट निकल सके।
PWD के अभियंताओं ने इन बिंदुओं को स्वीकार करते हुए कहा कि दो-तीन दिनों में डेटा विश्लेषण पूरा कर नाले के डिजाइन में आवश्यक संशोधन किए जाएंगे।
निरीक्षण के दौरान ये अधिकारी और स्थानीय लोग रहे मौजूद
निरीक्षण के समय पथ निर्माण विभाग के सहायक अभियंता जितेंद्र कुमार, कनीय अभियंता जिया उल हक, सुबोध श्रीवास्तव, नीरज सिंह, अशोक चौहान, पिंटू सिंह, संतोष भगत, मुकेश सिंह, सुजीत कुमार, विनोद सिंह, धनोज सिंह, टुनटुन कुमार सहित माना महापात्र, मोनी कुमारी, रेखा शाह, माला देवी, रूपा देवी और अन्य स्थानीय लोग उपस्थित रहे।




