
नर्सरी से यूकेजी के नन्हे कलाकारों ने पेश की रंगारंग किंडरगार्टन नाइट 2026
जमशेदपुर : काशीडीह हाई स्कूल (जेम फाउंडेशन की एक इकाई) द्वारा बहुप्रतीक्षित किंडरगार्टन नाइट 2026 “Songs of Joy and Fall” का भव्य आयोजन किया गया। कक्षा नर्सरी से यूकेजी तक के नन्हे-मुन्ने विद्यार्थियों ने गीत, नृत्य और प्रकृति-आधारित रचनात्मक प्रस्तुतियों के माध्यम से मातृ पृथ्वी के संरक्षण का सशक्त संदेश दिया। कार्यक्रम ने अभिभावकों और अतिथियों को भावनात्मक रूप से जोड़ते हुए पर्यावरण जागरूकता का प्रेरक वातावरण बनाया।

दीप प्रज्वलन और गणेश वंदना से हुआ शुभारंभ
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि श्रीमती रुचि नरेंद्रन, प्रबंध न्यासी, JEM Foundation तथा विशिष्ट अतिथि श्री ए. एफ. मैडोन, प्रशासक, जेम फाउंडेशन द्वारा दीप प्रज्वलन एवं गणेश वंदना के साथ किया गया। उनकी गरिमामयी उपस्थिति ने नन्हे कलाकारों का उत्साह कई गुना बढ़ा दिया।
इस अवसर पर श्री जिजु थॉमस (सीनियर मैनेजर, जेम फाउंडेशन), श्री नवीन सिंह (मैनेजर, जेम फाउंडेशन), श्रीमती झुमझुमी नंदी (प्राचार्या, JUSCO School Kadma), श्रीमती मिली सिन्हा (प्राचार्या, JUSCO School South Park) सहित प्रेस एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
पर्यावरण जागरूकता और नई शिक्षा नीति पर जोर
कार्यक्रम की शुरुआत में विद्यालय के प्राचार्य श्री फ्रांसिस जोसेफ ने स्वागत भाषण दिया। उन्होंने प्रारंभिक आयु से ही पर्यावरण के प्रति जागरूकता विकसित करने की आवश्यकता पर बल दिया। साथ ही उन्होंने National Education Policy 2020 के प्रभावी क्रियान्वयन का उल्लेख करते हुए बताया कि नई शिक्षा नीति कहानी-कथन, संप्रेषण कौशल और अनुभवात्मक शिक्षण के माध्यम से विद्यार्थियों के समग्र विकास पर केंद्रित है। उन्होंने विद्यार्थियों, शिक्षकों और अभिभावकों के सामूहिक सहयोग की सराहना की।

थीम आधारित प्रस्तुतियों ने जीता दिल
सांस्कृतिक संध्या में वेलकम सॉन्ग और “A Day in Our School” की वीडियो प्रस्तुति के साथ कार्यक्रम का आगाज हुआ। इसके बाद “Creation of Mother Earth”, “Roots of Life”, “The Beauty of Nature”, “Nature @ Risk”, “Nature Meets Destruction” और “Heal the World” जैसी विषयगत प्रस्तुतियों ने पर्यावरण संरक्षण की गंभीरता को सजीव रूप में प्रस्तुत किया।
“सस्टेनेबल स्टाइल शोकेस” के माध्यम से बच्चों ने पर्यावरण-अनुकूल जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया, जबकि समापन प्रस्तुति “A Journey of Change” ने यह दर्शाया कि छोटे-छोटे कदम भी बड़े बदलाव का आधार बन सकते हैं।
जंगल-थीम पर आधारित वीडियो पृष्ठभूमि और आकर्षक मंच सज्जा ने कार्यक्रम को और भी मनमोहक बना दिया। नन्हे कलाकारों की आत्मविश्वासपूर्ण और भावनात्मक प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। पूरे सभागार में तालियों की गड़गड़ाहट गूंजती रही।
धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ समापन
कार्यक्रम का समापन उप-प्राचार्य द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ। उन्होंने मुख्य अतिथि, विशिष्ट अतिथि, गणमान्य अतिथियों, शिक्षकों, अभिभावकों, सहयोगी कर्मचारियों और मीडिया प्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया। साथ ही नन्हे सितारों के प्रयासों और प्रतिभा की मुक्तकंठ से सराहना की।
“Songs of Joy and Fall” न केवल एक सांस्कृतिक संध्या रही, बल्कि विद्यालय की समग्र और मूल्यपरक शिक्षा के प्रति प्रतिबद्धता का जीवंत उदाहरण भी बनी। इस आयोजन ने स्पष्ट संदेश दिया कि यदि जागरूकता बचपन से ही विकसित की जाए, तो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़ा परिवर्तन संभव है।






