मानगो गांधी मैदान से निकला जुलूस, धातकीडीह सेंट्रल मैदान तक लाखों लोगों ने लिया हिस्सा
जमशेदपुर : ईद मिलाद-उन-नबी के मौके पर तंजीम अहल-ए-सुन्नत व जमात की अगुवाई में “जुलूस-ए-मोहम्मदी” का भव्य आयोजन किया गया। मानगो के गांधी मैदान से आरंभ होकर यह ऐतिहासिक जुलूस, साकची होते हुए धातकीडीह सेंट्रल मैदान में जाकर समाप्त हुआ। इस दौरान लाखों मुस्लिम समुदाय के लोगों ने हिस्सा लेकर पैगंबर हज़रत मोहम्मद साहब की शान में मोहब्बत का इज़हार किया।
उलेमाओं की अगुवाई
जुलूस की शुरुआत में शहर की प्रमुख मस्जिदों के इमामों और उलेमाओं ने हिस्सा लिया। हर कोई हुजूर की याद में डूबा नजर आया।
पहला पड़ाव था साकची आमबागान मैदान, जहां उलेमा-ए-कराम ने तकरीर पेश करते हुए इस्लामी शिक्षा, अमन और इंसानियत का संदेश दिया।
ट्रकों और मोटरसाइकिलों का भव्य काफिला
जुलूस में मोटरसाइकिलों और ट्रकों का लंबा काफिला लोगों की उत्साही भागीदारी को दर्शा रहा था। पूरा रास्ता “नारे तकबीर”, “नारे रिसालत” और “जश्न-ए-मिलाद मुबारक” के नारों से गूंज रहा था।
लंगर, फल और खाद्य सामग्री का वितरण
जुलूस मार्ग पर विभिन्न स्थानों पर लंगर, फल और खाने-पीने की सामग्री का निशुल्क वितरण किया गया। इस सेवा में राजनीतिक और सामाजिक संगठनों के साथ-साथ मुस्लिम समाज की विभिन्न इकाइयों ने भी भागीदारी निभाई।
प्रशासन और पुलिस को मिला सहयोग : हिदायतुल्लाह
इस मौके पर झारखंड राज्य अल्पसंख्यक आयोग के चेयरमैन हिदायतुल्ला खान ने मीडिया से बातचीत करते हुए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग का आभार जताया। उन्होंने कहा कि
“हमारे प्यारे नबी की शान में निकला यह जुलूस शांतिपूर्वक और सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। हम इस जुलूस के माध्यम से देश और समाज में अमन, भाईचारा और मोहब्बत का पैग़ाम दे रहे हैं।”



