जमशेदपुर : घाटशिला स्थित संत नंदलाल स्मृति विद्या मंदिर में बाल दिवस अत्यंत उल्लास, सृजनात्मकता और भावनात्मक माहौल के बीच मनाया गया। विशेष प्रार्थना सभा का संचालन शिक्षकों ने किया, जो इस आयोजन का प्रमुख आकर्षण रहा।

नेहरू जी की प्रतिमा पर श्रद्धांजलि से कार्यक्रम की शुरुआत
प्रार्थना सभा की शुरुआत पंडित जवाहरलाल नेहरू के चित्र पर पुष्प अर्पित कर की गई।
विद्यालय के प्रचार्य श्रीनिवास मिश्र ने बच्चों को बाल दिवस का महत्व समझाते हुए कहा—
“हर व्यक्ति के भीतर का बच्चा जीवित रहना चाहिए, क्योंकि वही रचनात्मकता और संवेदनशीलता की जड़ है।”
संगीत और नाटक ने बढ़ाया कार्यक्रम का आकर्षण
बाल दिवस पर आयोजित विशेष कार्यक्रमों में शिक्षकों ने संगीत, नाटक, भाषण, सुविचार और प्रतिज्ञा प्रस्तुत कर बच्चों को नई ऊर्जा प्रदान की।
नाटक के माध्यम से बच्चों को विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों की संवेदनाओं और अधिकारों को समझने का संदेश दिया गया।
शिक्षकों के कॉयर ग्रुप द्वारा प्रस्तुत गीतों ने बच्चों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
अनुशासन, प्रेरणा और सकारात्मक सोच को प्रोत्साहित करने वाले संदेश भी शिक्षकों ने साझा किए।

विद्यालय प्रबंधन की उपस्थिति ने बढ़ाई शोभा
इस कार्यक्रम में उपस्थित रहे—
सहसचिव – शिवकुमार देवड़ा
प्रबंधन समिति सदस्य – रामगोपाल चोमाल
विद्यालय प्रशासक – प्रसेनजीत कर्मकार
विद्यालय के सभी शिक्षक एवं शिक्षिकाएँ
कार्यक्रम के सफल संचालन में रशीदा खान, लाबोंनी चटर्जी, अर्पिता गोस्वामी एवं संगीता दास ने संयोजक की महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
धन्यवाद ज्ञापन और राष्ट्रगान के साथ हुआ समापन
कार्यक्रम के अंत में प्राथमिक विंग की शैक्षिक प्रभारी नेहा मजूमदार ने सभी आगंतुकों, शिक्षकों और आयोजन टीम का धन्यवाद किया।
राष्ट्रीय सम्मान के प्रतीक राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का भावपूर्ण समापन हुआ।





