20 प्रतिशत बोनस मिले : नीतेश राज
जमशेदपुर, आदित्यपुर : दुर्गा पूजा के पूर्व आदित्यपुर औद्योगिक क्षेत्र के मजदूरों को बोनस का भुगतान सुनिश्चित कराने के लिए यूथ इंटक के राष्ट्रीय महासचिव नीतेश राज ने उप श्रमायुक्त को एक महत्वपूर्ण ज्ञापन सौंपा गया है। ज्ञापन में आरोप लगाया गया है कि क्षेत्र की अधिकांश औद्योगिक इकाइयां और उनके वेंडर मजदूरों को बोनस भुगतान अधिनियम 1965 के अनुसार उनका हक नहीं दे रही हैं। ज्ञापन में स्पष्ट किया गया है कि जहां औद्योगिक इकाइयों को मुनाफे के आधार पर 8.33% से लेकर 20% तक बोनस देना होता है, वहां अधिकांश इकाइयां केवल न्यूनतम 8.33% बोनस देकर अपनी जिम्मेदारियों से पल्ला झाड़ लेती हैं।
बोनस कानून की हो रही अनदेखी
कई फैक्ट्रियां सेट ऑन और सेट ऑफ का पालन नहीं करतीं।
प्रपत्र A, B, C, D का रखरखाव नहीं किया जा रहा है।
बोनस दरें यथासंभव लाभांश या सरप्लस के आधार पर निर्धारित नहीं की जाती हैं।
ठेकेदारी प्रथा के ज़रिए मजदूरों को नियोजित कर बोनस देने से बचने की कोशिश की जाती है।
ज्ञापन में की गई प्रमुख मांगें
- सभी औद्योगिक इकाइयों में सघन जांच की जाए।
- बोनस अधिनियम 1965 के तहत अनुपालन सुनिश्चित कराया जाए।
- मजदूरों को लाभांश के आधार पर उचित बोनस दिलाया जाए।
- वेंडर और ठेकेदारों की भी जवाबदेही तय की जाए।
मजदूरों के अधिकारों की रक्षा जरूरी
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि दुर्गा पूजा के पूर्व बोनस की राशि मजदूरों के लिए एक महत्वपूर्ण सहारा होती है। ऐसे में बोनस की कटौती या देरी से उनके आर्थिक और मानसिक स्थिति पर असर पड़ता है।
अधिकारियों से मांग की गई है कि वे श्रमिकों की स्थिति को समझें और बोनस वितरण को पारदर्शी और नियमानुसार सुनिश्चित करें।



