
टाटा स्टील कर्मचारियों के लिए सम्मानजनक बोनस समझौता

जमशेदपुर : टाटा स्टील प्रबंधन, राकोमयू तथा इंडियन नेशनल माइंस वर्कर्स फेडरेशन (इंटक) के अध्यक्ष और विधायक कुमार जयमंगल सिंह के बीच सालाना बोनस को लेकर महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई। बैठक में कर्मचारियों के हितों से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा के बाद सम्मानजनक बोनस समझौते पर हस्ताक्षर किए गए।
समझौते के बाद टाटा स्टील के कर्मचारियों के बीच खुशी का माहौल है। इस समझौते के तहत कर्मचारियों को ₹47,000 से लेकर ₹3,62,000 तक का बोनस प्राप्त होगा।
कर्मचारियों की मेहनत और समर्पण का सम्मान
कुमार जयमंगल सिंह, जिन्हें अनूप सिंह के नाम से भी जाना जाता है, ने कहा कि यह बोनस समझौता कर्मचारियों की मेहनत, समर्पण और उनके अधिकारों के प्रति प्रतिबद्धता का परिणाम है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों ने अपने कार्य और जिम्मेदारियों के प्रति निरंतर समर्पण दिखाया है और बोनस समझौता उनके योगदान को सम्मान देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि कर्मचारियों के हितों से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता के साथ उठाया जाता रहेगा। बोनस समझौते को इसी निरंतर प्रयास का परिणाम बताते हुए उन्होंने मजदूरों के अधिकारों की रक्षा के लिए आगे भी सक्रिय रहने की बात कही।

मजदूर हितों के लिए संघर्ष जारी रहेगा
कुमार जयमंगल सिंह ने कहा कि मजदूर हितों की रक्षा और उनके अधिकारों के लिए संघर्ष एवं प्रयास लगातार जारी रहेगा। उन्होंने कर्मचारियों के हितों से जुड़े मामलों में उनकी आवाज को मजबूती से उठाने की प्रतिबद्धता दोहराई।
सालाना बोनस समझौते को कर्मचारियों के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि के तौर पर देखा जा रहा है। ₹47 हजार से ₹3.62 लाख तक के बोनस के प्रावधान से कर्मचारियों को आर्थिक लाभ मिलेगा और उनके योगदान को सम्मान भी मिलेगा।
बोनस समझौते की प्रमुख बातें
- टाटा स्टील प्रबंधन की तरफ से आत्रेय सरकार और श्रमिक पक्ष के बीच सालाना बोनस को लेकर बैठक हुई।
- बैठक में राकोमयू तथा इंडियन नेशनल माइंस वर्कर्स फेडरेशन (इंटक) के अध्यक्ष विधायक कुमार जयमंगल सिंह समेत अन्य पदाधिकारी शामिल हुए।
- बैठक के बाद सम्मानजनक बोनस समझौते पर हस्ताक्षर किए गए।
- समझौते के तहत कर्मचारियों को ₹47,000 से ₹3,62,000 तक बोनस मिलेगा।
- कुमार जयमंगल सिंह ने इसे कर्मचारियों की मेहनत और समर्पण का परिणाम बताया।
- उन्होंने मजदूरों के अधिकारों और हितों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने की बात कही।




