
Nuvoco Vistas जोजोबेड़ा मामले में प्रबंधन की कार्रवाई पर रोक की मांग
धनबाद : धनबाद स्थित केंद्रीय सरकार औद्योगिक न्यायाधिकरण-सह-श्रम न्यायालय संख्या-1 में गुरुवार को जोहार झारखंड श्रमिक महासंघ ने Nuvoco Vistas Corporation Limited, जोजोबेड़ा से जुड़े मामले की सुनवाई के दौरान मजदूर हितों को लेकर अहम कदम उठाया।
ठेका मजदूरों से कराया जा रहा स्थायी काम
समान वेतन और कानूनी सुविधाओं से वंचित करने का आरोप
महासंघ के महामंत्री राजीव पाण्डेय ने बताया कि कंपनी और उसके ठेकेदारों द्वारा ठेका मजदूरों से स्थायी प्रकृति का कार्य कराया जा रहा है, लेकिन उन्हें न तो समान काम के बदले समान वेतन दिया जा रहा है और न ही बोनस, ओवरटाइम, ईएसआई, पीएफ जैसी अन्य कानूनी सुविधाएं मिल रही हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि यह स्थिति श्रम कानूनों का खुला उल्लंघन है और मजदूरों का लगातार शोषण किया जा रहा है।
कोर्ट में आवेदन, अंतिम फैसले तक रोक की मांग
छटनी और सेवा शर्तों में बदलाव पर रोक लगाने की गुहार
जोहार झारखंड श्रमिक महासंघ की ओर से वकील के माध्यम से न्यायालय में आवेदन दाखिल किया गया है। आवेदन में मांग की गई है कि इस मामले के अंतिम निर्णय तक प्रबंधन द्वारा किसी भी प्रकार की कार्रवाई पर रोक लगाई जाए।
इसमें विशेष रूप से—
मजदूरों की छटनी
सेवा शर्तों में बदलाव
मजदूरों पर किसी भी प्रकार का दबाव या प्रताड़ना
को रोकने की मांग की गई है।
बिना नोटिस और मुआवजा के निकाले जाने का आरोप
यूनियन ने बताया कानून का सीधा उल्लंघन
महासंघ का कहना है कि कुछ मजदूरों को बिना पूर्व सूचना और बिना किसी मुआवजा के काम से हटा दिया गया, जो कि श्रम कानूनों का सीधा उल्लंघन है। इसी को गंभीरता से लेते हुए न्यायालय से तत्काल अंतरिम रोक लगाने की अपील की गई है।
मजदूरों को न्याय मिलने की उम्मीद
अदालत से प्रबंधन पर सख्त रुख की अपेक्षा
जोहार झारखंड श्रमिक महासंघ ने उम्मीद जताई है कि न्यायालय इस मामले में मजदूरों के हितों की रक्षा करते हुए प्रबंधन की मनमानी पर रोक लगाएगा और प्रभावित श्रमिकों को न्याय दिलाएगा।





