
जमशेदपुर में 2 घंटे तक थमा रहा ट्रैफिक

जमशेदपुर : सीतारामडेरा थाना क्षेत्र स्थित स्वर्णरेखा बर्निंग घाट के निकट बुधवार को जिला प्रशासन और टाटा स्टील द्वारा किए गए अवैध अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के खिलाफ गुरुवार को बस्तीवासियों ने सड़क जाम कर कड़ा विरोध जताया।
करीब दो घंटे तक चले इस जाम से आवागमन बाधित रहा। बाद में पूर्व मंत्री दुलाल भुईयां और केंद्रीय बस्ती विकास कल्याण समिति की पहल पर जाम हटाया गया।

“मुआवजा और पुनर्वास मिले बिना संघर्ष जारी रहेगा”—बस्तीवासियों की चेतावनी
जाम हटाने के बाद भी बस्तीवासियों ने साफ कहा कि यदि—
प्रभावित परिवारों को उचित मुआवजा,
और सुरक्षित पुनर्वास
नहीं दिया गया, तो आने वाले दिनों में आंदोलन और तेज होगा।
लोगों ने चेतावनी दी कि इसके गंभीर परिणाम टाटा स्टील और जिला प्रशासन को भुगतने पड़ सकते हैं।

80 से अधिक घर टूटे बिना नोटिस: बलदेव भुईयां
पूर्व मंत्री दुलाल भुईयां के छोटे भाई बलदेव भुईयां ने प्रशासनिक कार्रवाई को “अन्यायपूर्ण” बताया।
उन्होंने कहा—
“देश जहां 75वें संविधान दिवस पर संविधान की रक्षा का संकल्प ले रहा था, वहीं दूसरी ओर जिला प्रशासन और टाटा स्टील ने दलित, आदिवासी, मूलवासी और पिछड़े वर्ग के 80 से अधिक मकानों पर बुलडोजर चला दिया।
यह सरासर अन्याय है।”
उन्होंने आरोप लगाया कि—
बिना किसी पूर्व सूचना
और बिना विकल्प दिए
लोगों के घर गिरा दिए गए।
उन्होंने कहा कि प्रशासन को तुरंत मुआवजा देना चाहिए, अन्यथा बड़े आंदोलन का सामना करना पड़ेगा।

“टाटा स्टील का भी होगा घेराव”—कड़ी चेतावनी
बलदेव भुईयां ने टाटा स्टील को भी चेतावनी दी कि—
“यदि प्रभावित परिवारों का पुनर्वास और मुआवजा नहीं दिया गया, तो आने वाले दिनों में टाटा स्टील का भी हुड़का जाम किया जाएगा।”





