
जमशेदपुर : टेल्को क्षेत्र में दुर्गा पूजा पर्व के अवसर पर शांति, सौहार्द और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन और शांति समिति के सदस्य लगातार अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर रहे हैं। इसी क्रम में टेल्को क्षेत्र के लेबर ब्यूरो सबूज कल्याण संघ, पूर्वांचल दुर्गा पूजा सहित अन्य पूजा पंडालों में पुलिस अधिकारियों और शांति समिति के सदस्यों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली।
दुर्गा पूजा पंडालों में शांति व्यवस्था बनाए रखने की पहल
दुर्गा पूजा के दौरान श्रद्धालुओं की भीड़ और विभिन्न धार्मिक आयोजनों को देखते हुए पुलिस प्रशासन तथा शांति समिति के सदस्यों ने शांति और सद्भाव बनाए रखने के लिए अपनी भूमिका निभाई। टेल्को क्षेत्र के विभिन्न पूजा पंडालों में नगर पुलिस उपाधीक्षक संजीव कुमार और टेल्को थाना प्रभारी सुरेश प्रसाद सहित शांति समिति के सदस्यों की सक्रियता महत्वपूर्ण रही।
इस दौरान सभी ने त्योहार को शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण और व्यवस्थित वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से अपने दायित्वों का निर्वहन किया। उनकी पहल का उद्देश्य पूजा में शामिल होने वाले श्रद्धालुओं के बीच सुरक्षा और विश्वास का माहौल बनाए रखना रहा।

पुलिस अधिकारियों के साथ शांति समिति के सदस्यों की सक्रिय भागीदारी
दुर्गा पूजा के अवसर पर टेल्को क्षेत्र में शांति और सद्भाव बनाए रखने के लिए थाना शांति समिति एवं केंद्रीय शांति समिति के सदस्यों ने भी अपनी जिम्मेदारियां निभाईं।
इस दौरान प्रमुख रूप से नंदलाल सिंह, रियाजुद्दीन खान, पीके दास, कल्याणी शरण, सोहेल खान, इम्तियाज अहमद, प्रहलाद सिंह, बलदेव रजक, मंटू खान और इसरार खान सहित अन्य सदस्य सक्रिय रहे।
पुलिस अधिकारियों और शांति समिति के सदस्यों की सहभागिता ने त्योहार के दौरान आपसी समन्वय और सामाजिक सौहार्द बनाए रखने के प्रयासों को मजबूती प्रदान की।

सामाजिक सौहार्द और शांतिपूर्ण आयोजन पर जोर
दुर्गा पूजा केवल धार्मिक आस्था का पर्व नहीं, बल्कि सामाजिक एकता, भाईचारे और आपसी सद्भाव का भी प्रतीक है। ऐसे अवसरों पर पुलिस प्रशासन और शांति समितियों की भूमिका महत्वपूर्ण हो जाती है। सभी समुदायों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना और शांतिपूर्ण माहौल बनाए रखना त्योहार की खुशियों को और बढ़ाता है।
टेल्को क्षेत्र में पुलिस अधिकारियों और शांति समिति के सदस्यों की सक्रियता इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल रही। सभी ने अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए शांति, सद्भावना और आपसी भाईचारे को प्राथमिकता दी।





